Dainik Adhikar

RECENT NEWS

Live Updates

जीवन 100 मीटर की दौड़ नहीं, लंबी रेस है, घबराएं नहीं धैर्य के साथ बढ़े आगे: नितिन नवीन

जयपुर । भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने जयपुर में ‘युवा संवाद’ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि जीवन में कभी भी शॉर्टकट नहीं लेना चाहिए, क्योंकि शॉर्टकट से इंसान अपनी सही मंजिल तक नहीं पहुंच सकता। सफलता के लिए समर्पण और निरंतरता आवश्यक है। जीवन 100 मीटर की दौड़ के बजाय एक लंबी दौड़ है। 100 मीटर की दौड़ में स्पीड की परीक्षा होती है, जबकि लंबी दौड़ में स्टैमिना की। इसलिए जीवन में छोटी हार-जीत या असफलता से घबराने के बजाय निरंतर प्रयास करते रहना चाहिए, तभी स्थायी सफलता मिलती है। उन्होंने 2047 तक विकसित भारत के निर्माण के लिए राष्ट्र प्रथम की भावना, सामूहिक संकल्प और देशहित में योगदान का संदेश दिया।

युवा संवाद कार्यक्रम में नवीन ने कहा कि राजस्थान के युवाओं में एक अलग ही जोश होता है। मुझे यह जोश युवाओं की आवाज़, उनकी कविताओं और गीतों में स्पष्ट रूप से देखने को मिला। किसी भी कार्य को कभी छोटा नहीं समझना चाहिए। पूरे समर्पण के साथ काम करने पर ही सफलता प्राप्त होती है। आज युवाओं के समक्ष तीन मुख्य विषय हैं, हम भविष्य का भारत कैसा चाहते हैं, भविष्य का राजस्थान कैसा चाहते हैं और एक नागरिक के रूप में हम खुद को कहां देखते हैं। प्रत्येक व्यक्ति के लिए पहले देश, फिर राज्य या पार्टी और अंत में स्वयं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि बड़े मन से कोई छोटा काम भी किया जाए, तो वह बड़ा हो जाता है, जबकि छोटे मन से किया गया बड़ा काम भी सफलता नहीं दिलाता।

भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने कहा कि सफलता मिलने पर लोग खुश होते हैं, लेकिन थोड़ी सी असफलता मिलने पर युवा जल्दी हताश हो जाते हैं। यह जीवन बहुत अमूल्य है। छोटी सी निराशा के कारण जीवन को दांव पर लगाने या गलत दिशा में ले जाने के विचारों से बचना चाहिए। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी युवाओं को सकारात्मक सोच के साथ राजनीति में आने के लिए प्रेरित करते हैं, क्योंकि राजनीति से ही देश को दिशा मिलती है और एक सच्चा नेतृत्व लोगों को एक सूत्र में बांधकर आगे बढ़ाता है। 2012-13 के समय युवाओं में नाउम्मीदी थी, निराशा थी, लेकिन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने युवाओं को खुद पर और देश पर विश्वास करना सिखाया। नरेन्द्र मोदी ने 2047 के ‘विकसित भारत’ का जो सपना दिया है, यदि भारत के 140 करोड़ नागरिक एक-एक कदम साथ मिलकर चलें, तो वह लक्ष्य भी अवश्य पूरा होगा। स्वामी विवेकानंद ने कहा कि “उठो, जागो और तब तक मत रुको जब तक लक्ष्य प्राप्त न हो जाए”। आज हमारा लक्ष्य ‘राष्ट्र प्रथम’ के संकल्प के साथ ‘विकसित भारत’ का निर्माण करना है। नवीन ने जीवन का एक मंत्र देते हुए कहा कि “अतीत एक खजाना है, इसे सहेजकर रखें, वर्तमान एक संघर्ष है, इसे जारी रखें और भविष्य एक सपना है, इसकी प्रतीक्षा करें।”

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने युवा संवाद कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि राष्ट्र प्रथम के भाव के साथ आप अपने जीवन के लक्ष्य को निर्धारित करें। आप जो बनना चाहते है वो आपकी व्यक्तिगत उपलब्धि होगी, लेकिन देश और समाज के लिए काम करने का आप का जीवट आप को समाज में प्रतिष्ठा भी दिलाएगा और सम्मान भी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में युवाओं के कल्याण, उनकी शिक्षा, रोजगार के क्षेत्र में अनेक योजनाएं बनी है, काम हुए है, आप उनका अध्ययन कर स्वयं लाभान्वित हो सकते है एवं जिन लोगों को जरूरत है उन्हें बताकर लाभान्वित करवा सकते है।

राठौड़ ने कहा कि शिक्षा जहां अवसर देती है, वहीं जिम्मेदारी भी देती है। जिस समाज ने हमें शिक्षा का अवसर दिया उस समाज के प्रति हमारी जिम्मेदारी भी है। इसलिए शिक्षा के साथ सामाजिक सरोकार भी रखें। उन्होंने नशा मुक्ति, स्वच्छता और पर्यावरण के क्षेत्र में पढ़ाई के साथ अपनी भागीदारी निभाने का आह्वान किया। इस दौरान भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने युवाओं से जीवंत संवाद ​भी किया, उनकी उपलब्धियों पर पीठ थपथपाई और उनके विचारों को जानकर अपने विचार भी साझा किए।

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय और बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर ने अंत्योदय, गरीब कल्याण और सेवा का जो मार्ग दिखाया था,प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उनके पथचिह्नों पर चलकर काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा ​कि प्रधानमंत्री का राष्ट्र सेवा का समर्पण इतना मजबूत है कि उन्होंने आज तक एक भी दिन का अवकाश नहीं लिया। वे आज भी लगातार 16 से 18 घंटे और कई बार 19 घंटे तक काम करते हैं। वे कहते हैं कि देश में चार प्रमुख जातियां हैं युवा, महिला, किसान और गरीब। अगर इनका उत्थान होगा तो मेरे राष्ट्र का उत्थान होगा। अगर इनका विकास होगा तो मेरे देश और मेरे प्रदेश का विकास होगा।

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि मोदी जब देश के प्रधानमंत्री बने थे, तब आप में से अधिकांश युवा की उम्र 10, 12 या 13 वर्ष रही होगी। उस समय देश में भ्रष्टाचार, आतंकवाद, नक्सलवाद, गरीबी और सीमाओं पर क्या हालात थे, यह आपको जानना आवश्यक है। मोदी के प्रधानमंत्री बनने के बाद आज देश हर क्षेत्र में आगे बढ़ रहा है। चाहे गरीब कल्याण की योजनाएँ हों, चाहे विकास की योजनाएँ हों, चाहे आतंकवाद और नक्सलवाद के खिलाफ कार्रवाई हो या दुनिया में बढ़ता हुआ भारत का गौरव यह सब आप देख रहे हैं। उन्होंने कहा कि हमारा युवा आगे बढ़े,समाज के प्रति संवेदनशील बने, गरीबों के सुख-दुख में सहभागी बने, उनके साथ संवाद करे और संवाद के साथ उनका सम्मान भी करें।

सीएम शर्मा ने कहा कि भाजपा सरकार ने युवाओं से वादा किया था कि हम युवाओं के सपनों को पूरा करेंगे। चार लाख सरकारी नौकरियां और 6 लाख निजी क्षेत्र में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने का संकल्प लिया था, सरकार इस दिशा में तेजी से काम कर रही है।
हम राजस्थान युवा नीति लेकर आए हैं। इस नीति में हमने स्पष्ट किया है कि हमारे युवाओं को स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जाएँगे। हम राजस्थान कौशल नीति-2025 लेकर आए हैं। 3 लाख 70 हजार युवाओं को कौशल प्रशिक्षण प्रदान किया गया है। 148 राजकीय आईटीआई के माध्यम से कार्य स्थापित किए गए हैं और 21 नए राजकीय पॉलिटेक्निक संस्थान स्थापित किए गए हैं। हर गांव में अटल ज्ञान केंद्र खोल रहे है। वहाँ लाइब्रेरी होगी,ई-मित्र की सुविधा होगी। युवा गांव में रहकर ही ऑनलाइन कोचिंग की सुविधा उसे मिलेगी। यह काम भी हम करने जा रहे हैं। स्वामी विवेकानंद ने कहा था कि इक्कीसवीं सदी भारत की होगी। उस नरेंद्र ने कहा था और ये नरेंद्र करके बता रहे हैं कि इक्कीसवीं सदी भारत की होगी।

अभी खास

Our Ads

Copyright Dainik Adhikar 2026